“बच्चों का चरित्र निर्माण ही राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है” — डॉ. वर्णिका शर्मा
‘मोर मयारू गुरुजी’ कार्यक्रम का आयोजन, शिक्षकों को बच्चों के अधिकार और व्यक्तित्व निर्माण पर दिया गया प्रशिक्षण

“बच्चों का चरित्र निर्माण ही राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है” Raipur, 8 अप्रैल 2026।
Chhattisgarh State Commission for Protection of Child Rights द्वारा ‘मोर मयारू गुरुजी’ कार्यक्रम का आयोजन Maharana Agrasen International College में कॉलेज के अनुरोध पर किया गया।
यह कार्यक्रम सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक आयोजित किया गया, जिसमें शिक्षकों और छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
डॉ. वर्णिका शर्मा ने शिक्षकों को दिया महत्वपूर्ण संदेश
कार्यक्रम में आयोग की अध्यक्ष Dr. Varnika Sharma ने अपने उद्बोधन में कहा कि:
“बच्चों को सही दिशा देना तथा उनका उत्तम चरित्र निर्माण करना एक शिक्षक का सबसे महत्वपूर्ण दायित्व है। बच्चों का चरित्र निर्माण ही राष्ट्र निर्माण की आधारशिला है।”
उन्होंने कहा कि शिक्षकों को अपने कार्य को यज्ञ के समान मानकर पूरी निष्ठा से करना चाहिए, क्योंकि देश का भविष्य बच्चों के चरित्र पर निर्भर करता है।
बच्चों के अधिकारों पर दी गई विस्तृत जानकारी
इस अवसर पर आयोग के सचिव Prateek Khare ने प्रतिभागियों को बच्चों के अधिकारों की विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि:
- बच्चे 80% बातें अवलोकन (Observation) से सीखते हैं
- केवल 20% बातें पढ़ने या सुनने से सीखते हैं
- इसलिए शिक्षकों का व्यवहार बच्चों के लिए सबसे महत्वपूर्ण होता है
उन्होंने विभिन्न गतिविधियों, फिल्मों, पावरपॉइंट प्रस्तुति, कहानियों और संवाद के माध्यम से विषय को सरल तरीके से समझाया।
इन गणमान्य लोगों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में कॉलेज की प्राचार्य Dr. Jasmin Joshi,
उप-प्राचार्य Dr. Shweta Tiwari,
विभागाध्यक्ष Dr. Ruchi Sarkar सहित समस्त फैकल्टी सदस्य उपस्थित रहे।
साथ ही बी.एड./डी.एड. के लगभग 125 छात्र-छात्राओं ने कार्यक्रम में भाग लिया।
प्रतिभागियों ने दी सकारात्मक प्रतिक्रिया
कार्यक्रम के समापन के बाद प्रतिभागियों ने इसे उपयोगी और रोचक बताया।
आयोग द्वारा इस प्रकार के आयोजन के लिए कॉलेज का आभार व्यक्त किया गया, वहीं कॉलेज परिवार ने आयोग की अध्यक्ष के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कार्यक्रम को सफल बताया।



















