Raipur Gang Rape Case: रायपुर में महिला से गैंगरेप, शराब पिलाकर दरिंदों ने बारी-बारी की दरिंदगी, स्कूल मैदान में भी वारदात का दावा
Raipur Gang Rape Case

Raipur Gang Rape Case रायपुर। राजधानी रायपुर में 23 वर्षीय महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि तीन युवकों ने महिला को शराब पिलाने के बाद उसके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया। पुलिस ने मामले में दो बालिग आरोपियों के साथ एक नाबालिग को हिरासत में लिया है।
सरोना इलाके में हुई आरोपियों से मुलाकात
पीड़िता के अनुसार, वह शनिवार देर रात सरोना शराब भट्ठी के पास काम की तलाश में बैठी थी। इसी दौरान तीन युवक उसके पास पहुंचे और बातचीत करने लगे। आरोप है कि युवकों ने शराब पी और महिला को भी शराब पिलाई। इसके बाद तीनों ने उसके साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया।
स्कूल मैदान में ले जाकर दोबारा दुष्कर्म का आरोप
आरोप है कि इसके बाद युवक महिला को खाना खिलाने के बहाने बाइक से आमापारा स्थित आरडी तिवारी शासकीय स्कूल मैदान ले गए। वहां भी महिला को शराब पिलाने के बाद उसके साथ दोबारा दुष्कर्म किया गया और आरोपी मौके से फरार हो गए।
बेहोशी की हालत में मिली महिला
रविवार सुबह स्कूल के चौकीदार ने महिला को बेहोशी की हालत में देखा और पुलिस को सूचना दी। आजाद चौक थाना पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को उपचार के लिए एम्स अस्पताल भेजा। होश में आने के बाद महिला ने पुलिस को घटना की जानकारी दी।
इसके बाद पुलिस ने सरोना से लेकर आमापारा क्षेत्र तक लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की। फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर पुलिस ने संदिग्धों की पहचान कर कार्रवाई शुरू की।
दो महीने पहले रायपुर आई थी महिला
पुलिस को दिए बयान के मुताबिक महिला बिलासपुर के चकरभाठा क्षेत्र की रहने वाली है। वह करीब दो महीने पहले रायपुर आई थी और छेरीखेड़ी इलाके में एक शादी हॉल में मजदूरी कर रही थी। काम खत्म होने के बाद वह रोजगार की तलाश में शहर में घूम रही थी।
तीनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त में
घटना के बाद आजाद चौक थाना पुलिस ने प्रारंभिक रूप से जीरो FIR दर्ज कर मामला आगे की जांच के लिए डीडी नगर थाना पुलिस को भेजा। पुलिस ने रायपुर निवासी शिवा और आयुष दुर्गा सहित एक नाबालिग को पकड़ा है। मामले में पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध पुलिस/मीडिया विवरण और दिए गए इनपुट के आधार पर तैयार की गई है। यौन अपराध से जुड़े आरोपों में अंतिम दोषसिद्धि न्यायालय के निर्णय पर निर्भर करती है। पीड़िता की पहचान गोपनीय रखी गई है।








