Contract Employees Regularization Order: संविदा कर्मचारियों की हुई बल्ले-बल्ले, अब होगा स्थायीकरण! हाईकोर्ट का बड़ा फैसला
Contract Employees Regularization Order : चंडीगढ़ : दिवाली के बाद संविदा कर्मचारियों (Contract Employees) के लिए एक और खुशखबरी आई है। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण (Regularization) का रास्ता साफ कर दिया है। अदालत ने कहा कि राज्य सरकार एक आदर्श नियोक्ता के रूप में कर्मचारियों का शोषण नहीं कर सकती और दशकों तक उन्हें अस्थायी पदों पर रखे रखना संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का उल्लंघन है। Contract Employees Regularization Order
इस फैसले से पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ सहित देशभर के लाखों संविदा कर्मचारियों में खुशी की लहर दौड़ गई है।
हाईकोर्ट का आदेश: अब स्थायी नौकरी का हक Contract Employees Regularization Order
जस्टिस हरप्रीत सिंह बराड़ की बेंच ने कहा कि लंबे समय से सेवा दे रहे संविदा कर्मचारी अब नियमितीकरण के हकदार हैं। अदालत ने यह फैसला दो याचिकाकर्ताओं — सुरिंदर सिंह और राजेंद्र प्रसाद — की याचिका पर सुनाया, जो 1979 और 1982 से लगातार सेवा में थे। कोर्ट ने कहा कि इन कर्मचारियों का काम पूर्णकालिक और स्थायी प्रकृति का था, इसलिए उन्हें स्थायी नियुक्ति से वंचित नहीं किया जा सकता।
राज्य कर्मचारियों का शोषण नहीं कर सकता
अदालत ने स्पष्ट कहा —
“राज्य एक कल्याणकारी नियोक्ता है, वह व्यक्तियों का शोषण नहीं कर सकता। दशकों तक अस्थायी पदों पर काम करवाना संविधान के खिलाफ है।”
कोर्ट ने सरकार को निर्देश दिया है कि 6 हफ्तों के भीतर इन कर्मचारियों की सेवाओं को नियमित करें, अन्यथा वे “स्वचालित रूप से नियमित” माने जाएंगे।
किन्हें मिलेगा लाभ?
इस आदेश का सीधा असर 40 साल से लगातार काम कर रहे संविदा कर्मचारियों और PRTC जैसे विभागों में कार्यरत कर्मियों पर पड़ेगा। इसके साथ ही यह फैसला देशभर के अन्य राज्यों में भी एक मिसाल के रूप में देखा जा रहा है।
कर्मचारियों में खुशी की लहर
फैसले के बाद संविदा कर्मचारियों में उत्साह और राहत है। कई संगठनों का कहना है कि यह निर्णय लंबे समय से स्थायीकरण की मांग कर रहे लाखों कर्मचारियों के लिए “नई उम्मीद की किरण” है।
अब मिलेगा स्थायित्व और सम्मान Contract Employees Regularization Order
न्यायालय का यह आदेश न केवल कर्मचारियों के लिए राहत भरा है बल्कि यह सरकारों को भी संदेश देता है कि कर्मचारियों को अस्थायी नहीं, सम्मानजनक स्थायी रोजगार देना आवश्यक है।
Contract Employees Regularization Order : संविदा कर्मचारियों की हुई बल्ले-बल्ले, अब होगा स्थायीकरण! हाईकोर्ट का बड़ा फैसला









